राजस्थान विधानसभा में 6 मार्च को प्रश्नकाल के दौरान प्रदेश में बढ़ते नशे और मादक पदार्थों की तस्करी का मुद्दा उठाया गया। गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढम ने जवाब देते हुए कहा कि राज्य सरकार नशे के खिलाफ कड़ी कार्रवाई कर रही है। उन्होंने बताया कि हाल ही में 404 मामलों में 894 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। इसके अलावा, 354 मामलों में चालान न्यायालय में पेश किए जा चुके हैं। सरकार का लक्ष्य प्रदेश में नशे की तस्करी और इसके उपयोग को रोकना है, और इस दिशा में सख्त कदम उठाए जा रहे हैं।Drug smuggling happens with the connivance of the police
पुलिस गठजोड़ की कोई जानकारी नहीं मिली
विपक्ष के नेता टीकाराम जूली ने कहा कि नशे और मादक पदार्थों की तस्करी एक गंभीर मामला है, और इसमें पुलिस-तस्करों के बीच गठजोड़ की शिकायतें भी सामने आई हैं। इस पर गृह राज्य मंत्री ने जवाब देते हुए कहा कि सरकार ने समय-समय पर स्वत: संज्ञान लेकर एडवाइजरी जारी की है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनके पास अभी तक पुलिस और तस्करों के गठजोड़ की कोई जानकारी नहीं आई है, लेकिन अगर इस तरह की शिकायतें मिलती हैं, तो सरकार सख्त कार्रवाई करेगी। राज्य सरकार नशे के खिलाफ अपनी मुहिम को जारी रखते हुए इसे समाप्त करने के लिए हरसंभव प्रयास कर रही है।

विधानसभा में इस मुद्दे पर चर्चा के दौरान विधायक अमित चाचाण ने कहा कि नशा एक गंभीर और गैर-राजनीतिक समस्या है, जो समाज में रिश्तों को बिगाड़ने के साथ-साथ चोरी, डकैती जैसे अपराधों को भी बढ़ावा दे रहा है। उन्होंने राज्य सरकार से नशे के सप्लायरों के खिलाफ विशेष अभियान चलाने की मांग की। गृह राज्य मंत्री ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि राजस्थान में होने वाले सभी अपराधों पर सरकार पूरी तरह सतर्क है और विशेष अभियान चलाकर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। सरकार इस मुद्दे को गंभीरता से ले रही है और जल्द ही ठोस कदम उठाए जाएंगे।Drug smuggling happens with the connivance of the police







